
भभुआ/कैमूर। आगामी जीवितपुत्रिका (जिउतिया) पर्व को लेकर कैमूर जिला प्रशासन ने जलाशयों और अन्य जलस्रोतों के आसपास सुरक्षा को लेकर विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है। जिले के दुर्गावती जलाशय (करमचट डैम) और जगदहवा डैम सहित आसपास के जलक्षेत्रों में पिछले कुछ दिनों में मगरमच्छ दिखाई देने की सूचना के बाद प्रशासन और आपदा प्रबंधन शाखा ने आम लोगों के लिए विशेष दिशा-निर्देश जारी किए हैं।जिउतिया पर्व के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु जलाशयों एवं जलस्रोतों के किनारे स्नान और अन्य धार्मिक गतिविधियों के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में मगरमच्छ की मौजूदगी को देखते हुए लोगों से अतिरिक्त सावधानी बरतने की अपील की गई है।
प्रशासन ने लोगों को स्पष्ट रूप से निर्देश दिया है कि स्नान, कपड़े धोने अथवा किसी अन्य कार्य के लिए जलाशयों के गहरे पानी में प्रवेश नहीं करें। जलस्रोतों के किनारे बच्चों को अकेले नहीं भेजने तथा मवेशियों को भी पानी के किनारे जाने से रोकने की सलाह दी गई है।रात में जलाशयों के आसपास जाने से बचने की अपीलआपदा प्रबंधन शाखा की ओर से लोगों से कहा गया है कि जलाशयों के आसपास अकेले या रात के अंधेरे में जाने से बचें। विशेषकर ऐसे स्थानों पर अतिरिक्त सावधानी बरतें, जहां मगरमच्छ दिखाई देने की सूचना मिली है।प्रशासन ने यह भी अपील की है कि यदि किसी व्यक्ति को पानी के किनारे या आसपास मगरमच्छ दिखाई देता है तो उसके नजदीक जाने या उसे छेड़ने का प्रयास नहीं करें। मगरमच्छ को नुकसान पहुंचाने, पकड़ने या उकसाने की कोशिश भी नहीं करने की हिदायत दी गई है।
आपात स्थिति में हेल्पलाइन पर करें संपर्कजिला प्रशासन और आपदा प्रबंधन शाखा ने आम लोगों से अपील की है कि जिउतिया पर्व के दौरान जलाशयों के आसपास प्रशासन द्वारा जारी सुरक्षा निर्देशों का पालन करें और किसी भी तरह की आपात स्थिति में तत्काल सहायता लें।मगरमच्छ दिखाई देने या किसी अन्य आपात स्थिति की सूचना देने के लिए जिला आपातकालीन संचालन केंद्र, कैमूर के हेल्पलाइन नंबर 06189-222080 पर संपर्क करने की अपील की गई है।प्रशासन ने कहा है कि पर्व के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। लोगों से अपील की गई है कि धार्मिक आस्था के साथ अपनी और अपने परिवार की सुरक्षा का भी विशेष ध्यान रखें।
( कैमुर से अफसार आलम की रिपोर्ट/
