
12 सूत्री मांगों को लेकर खेतिहर मजदूर यूनियन का धरना, बीडीओ को सौंपा मांगपत्रचैनपुर (कैमूर): बिहार प्रांतीय खेतिहर मजदूर यूनियन की अंचल कमेटी चैनपुर के बैनर तले 12 सूत्री मांगों को लेकर मंगलवार को चैनपुर प्रखंड कार्यालय के समक्ष सुबह 11 बजे से धरना-प्रदर्शन शुरू किया गया। धरना में बड़ी संख्या में मजदूर, किसान एवं ग्रामीण शामिल हुए और सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।धरना की अध्यक्षता कामरेड रमाशंकर राम ने की।
प्रदर्शनकारियों ने सभी भूमिहीन परिवारों को पांच डिसमिल जमीन देने, लाल कार्ड धारियों को जमीन पर दखल दिलाने, खाद्य सुरक्षा की गारंटी सुनिश्चित करने और राशन कटौती बंद करने की मांग उठाई। साथ ही नल-जल योजना का पानी सभी घरों तक पहुंचाने, चार श्रम संहिताओं को वापस लेने, वीबीजी रामजी कानून तथा बिजली एवं बीज विधेयक 2025 को रद्द करने, मनरेगा को पुनः बहाल कर 200 दिनों का रोजगार और 600 रुपये दैनिक मजदूरी देने की मांग की गई।धरना को संबोधित करते हुए यूनियन के राज्य संयुक्त सचिव कामरेड रंगलाल पासवान ने केंद्र और राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला।

उन्होंने कहा कि आजादी के 78 वर्ष बाद भी गरीबों को भोजन, वस्त्र और आवास जैसी बुनियादी सुविधाएं पूरी तरह उपलब्ध नहीं हो सकी हैं।वहीं बिहार राज्य किसान सभा के जिला मंत्री कामरेड भीम सिंह ने धरना का समर्थन करते हुए कहा कि 750 किसानों की शहादत के बाद केंद्र सरकार को तीन कृषि कानून वापस लेने पड़े, लेकिन एमएसपी गारंटी कानून बनाने का वादा अब तक पूरा नहीं किया गया।
उन्होंने इन मुद्दों को लेकर 24 मार्च 2026 को दिल्ली के रामलीला मैदान में प्रस्तावित जनरैली को सफल बनाने का आह्वान किया।धरना के उपरांत कामरेड रंगलाल पासवान के नेतृत्व में पांच सदस्यीय शिष्टमंडल ने प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ) से मुलाकात कर मांगपत्र सौंपा।
बीडीओ ने एक माह के भीतर उचित कार्रवाई करने का आश्वासन दिया।सभा को मनोहर राम, राजू चौहान, रामलाल राम, कमलेश राम एवं आरती देवी ने भी संबोधित किया। धरना में गणेश यादव, मुन्ना अंसारी, भिखारी मुसहर, श्री मुसहर, सुभाष गोड़, दिनेश खरवार, ब्यूटी देवी, जीरा देवी, सविता देवी, आशा देवी समेत सैकड़ों की संख्या में लोग उपस्थित रहे।धरना शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ, हालांकि प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि मांगें पूरी नहीं होने पर आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
। कैमुर से अफसार आलम की रीपोर्ट
