
भीषण गर्मी से निपटने को कैमुर प्रशासन अलर्ट डीएम ने की व्यापक समीक्षाकैमूर जिला प्रशासन भीषण गर्मी और लू से निपटने हेतु पूरी तरह तैयार; पेयजल और स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर जिला पदाधिकारी महोदय द्वारा की गई व्यापक समीक्षाआज दिनांक 24 अप्रैल 2026 को जिला पदाधिकारी महोदय, कैमूर की अध्यक्षता में जिला आपदा प्रबंधन शाखा की बैठक आयोजित की गई।
बैठक में जिले में लू (Heat Wave) की स्थिति, पेयजल आपूर्ति, अग्निकांड से हुई क्षति की भरपाई और विभिन्न आपदाओं में पीड़ित परिवारों को दी जाने वाली अनुग्रह राशि की वर्तमान स्थिति की विस्तृत समीक्षा की गई।भीषण गर्मी को देखते हुए जिले के विभिन्न नगर निकायों में आमजन हेतु पेयजल की व्यापक व्यवस्था की गई है:जिले में अब तक कुल 116 पियाऊ संचालित किए जा रहे हैं, जिनमें 90 स्थायी और 26 अस्थायी हैं।
अधौरा और भगवानपुर जैसे पहाड़ी व दूरस्थ क्षेत्रों में वर्तमान में 3 बड़े टैंकरों द्वारा नियमित जलापूर्ति की जा रही है।पेयजल की समस्या हेतु जिला स्तरीय नियंत्रण कक्ष (06189-223445) स्थापित किया गया है, जो सुबह 10:00 बजे से शाम 6:00 बजे तक कार्यरत है।जिले के सभी प्रमुख अस्पतालों (सदर अस्पताल, अनुमंडलीय अस्पताल और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों) में लू से प्रभावित मरीजों के लिए स्पेशल वार्ड और बेड आरक्षित किए गए हैं। सदर अस्पताल, भभुआ में 10 बेड का विशेष वार्ड तैयार है।
वर्तमान में लू से ग्रसित मरीजों की संख्या शून्य है।पशुओं के लिए जिले में 21 कैटल ट्रफ (पशु नाद) स्थापित हैं, जिनमें से 15 सक्रिय रूप से कार्यरत हैं। पशुओं के उपचार हेतु 43 प्रकार की दवाओं का पर्याप्त भंडार उपलब्ध है।जिला प्रशासन द्वारा विभिन्न आपदाओं के शिकार परिवारों को त्वरित सहायता प्रदान की जा रही है:मृत्यु अनुग्रह अनुदान: वित्तीय वर्ष 2026-27 में अब तक डूबने से हुई 3 मृत्यु की घटनाओं में ₹12 लाख का भुगतान किया जा चुका है।अगलगी राहत: मार्च से अप्रैल 2026 के बीच अगलगी से प्रभावित परिवारों को गृहक्षति, वस्त्र-बर्तन और नगद/खाद्यान्न हेतु सहायता राशि प्रदान की जा रही है।
अब तक 34 क्षतिग्रस्त मकानों के सापेक्ष 28 लाभार्थियों को नगद और वस्त्र-बर्तन हेतु सहायता दी गई है।फसल क्षति: अगलगी के कारण 154.77 एकड़ फसल क्षति का आकलन किया गया है, जिसके लिए ₹9,68,000 की राशि आवंटित की गई है।बैठक में वर्ष 2021 से 2026 तक के विभिन्न स्थानीय आपदाओं (सर्पदंश, वज्रपात, सड़क दुर्घटना) से संबंधित लंबित मामलों की समीक्षा की गई। जिला प्रशासन ने सभी अंचलाधिकारियों को निर्देश दिया है कि लंबित अभिलेखों का शीघ्र निष्पादन कर पीड़ित को सरकारी लाभ उपलब्ध कराना सुनिश्चित किया जाय।
। ( कैमुर से अफसार आलम की रिपोर्ट)
